Class 6 Hindi Chapter 6 रहो बड़े के संग Solutions | AJB Assam
ষষ্ঠ শ্ৰেণী হিন্দী অধ্যায় ৬ – रहो बड़े के संग (Raho Bade Ke Sang) সম্পূৰ্ণ পাঠ্যভিত্তিক প্ৰশ্নোত্তৰ আৰু সমাধান (AJB Assam)
ষষ্ঠ শ্ৰেণীৰ হিন্দী (Hindi) পাঠ্যক্ৰমৰ ষষ্ঠ অধ্যায় ‘रहो बड़े के संग’ এখন অতি অনুপ্ৰেৰণাদায়ক আৰু গুৰুত্বপূৰ্ণ পাঠ। অসম জাতীয় বিদ্যালয়ৰ (AJB) শেহতীয়া নতুন পাঠ্যক্ৰমৰ আধাৰত এই অধ্যায়ৰ সম্পূৰ্ণ পাঠ্যভিত্তিক প্ৰশ্নোত্তৰ (Class 6 Hindi Chapter 6 Textual Question Answer) প্ৰস্তুত কৰা হৈছে। এই বিশেষ সংকলনটিত পাঠভিত্তিক চমু প্ৰশ্ন, দীঘলীয়া প্ৰশ্ন, ব্যাকৰণ, অতিৰিক্ত প্ৰশ্ন (Additional Questions) আৰু বহু-বিকল্পী প্ৰশ্ন (MCQs) অন্তৰ্ভুক্ত কৰা হৈছে। অস্পীন একেডেমী (Ospin Academy) ত এই সমাধানসমূহ অতি সহজ আৰু নিৰ্ভুলভাৱে উপলব্ধ কৰোৱা হৈছে যাতে ছাত্ৰ-ছাত্ৰীসকলে সুন্দৰভাৱে ঘৰতে বহি অনুশীলন কৰিব পাৰে।
‘रहो बड़े के संग’ নামৰ এই পাঠটিত সৎসংগ, ডাঙৰ আৰু জ্ঞানী লোকৰ সান্নিধ্যত থকাৰ উপকাৰিতা, আৰু জীৱনত সঠিক মাৰ্গদৰ্শন লাভ কৰাৰ গুৰুত্বৰ বিষয়ে বৰ্ণনা কৰা হৈছে। ছাত্ৰ-ছাত্ৰীসকলৰ মাজত নৈতিক প্ৰমূল্যবোধ গঢ়ি তুলিবলৈ এই পাঠৰ মূল ভাৱ, শব্দাৰ্থ আৰু তাৎপৰ্য বুজি পোৱাটো অতি প্ৰয়োজনীয়। আমাৰ এই পাঠ্যভিত্তিক সমাধানত কেৱল পাঠ্যপুথিৰ অনুশীলনীৰ প্ৰশ্নসমূহেই নহয়, বৰঞ্চ পৰীক্ষাত আহিব পৰা অতিৰিক্ত গুৰুত্বপূৰ্ণ প্ৰশ্ন-উত্তৰসমূহো সামৰি লোৱা হৈছে।
এই পাঠ্যভিত্তিক সমাধানৰ পৰা আপুনি কি কি শিকিব আৰু পাব:
- সৎসংগ আৰু জ্ঞানী লোকৰ সান্নিধ্যৰ গুৰুত্বৰ বিষয়ে স্পষ্ট বিশ্লেষণ।
- শব্দাৰ্থ, চমু আৰু দীঘলীয়া প্ৰশ্নৰ পৰীক্ষাত লিখিব পৰা নিৰ্দোষ উত্তৰ।
- পাঠভিত্তিক ব্যাকৰণ, বাক্য ৰচনা, সমাৰ্থক আৰু বিপৰীত শব্দৰ সঠিক জ্ঞান।
- পৰীক্ষাৰ বাবে প্ৰয়োজনীয় অতিৰিক্ত প্ৰশ্ন (Additional Questions) আৰু তাৰ উত্তৰ।
- নতুন আৰ্হি অনুসৰি গুৰুত্বপূৰ্ণ বহু-বিকল্পী প্ৰশ্নৰ (MCQs) সম্পূৰ্ণ সমাধান।
অস্পীন একেডেমীৰ এই প্ৰশ্নোত্তৰসমূহৰ বিশেষ সুবিধা:
- শেহতীয়া AJB নতুন পাঠ্যক্ৰমৰ আধাৰত প্ৰস্তুত কৰা সম্পূৰ্ণ পাঠ্যভিত্তিক সমাধান।
- ১০০% নিৰ্ভুল আৰু ছাত্ৰ-ছাত্ৰীয়ে সহজে বুজিব পৰাকৈ সৰল ভাষাত যুগুতোৱা উন্নত মানৰ নোটছ (Class 6 Hindi Notes)।
- পৰীক্ষাৰ পূৰ্বে দ্ৰুত ৰিভিজনৰ (Quick Revision) বাবে বিশেষভাৱে প্ৰস্তুত কৰা সহজ-সৰল উত্তৰ।
- হিন্দী ভাষাৰ ভয় দূৰ কৰি বিষয়টোৰ প্ৰতি আগ্ৰহ বঢ়াবলৈ ব্যৱহাৰিক উদাহৰণৰ সহায়ত বুজোৱা সমাধান।
ছাত্ৰ-ছাত্ৰীসকলৰ শৈক্ষিক উত্তৰণৰ প্ৰতি লক্ষ্য ৰাখি অস্পীন একেডেমীয়ে এই বিশেষ পাঠ্যভিত্তিক সমাধান আগবঢ়াইছে। আপোনাৰ পৰীক্ষাৰ প্ৰস্তুতি এতিয়াই আৰম্ভ কৰক আৰু হিন্দী বিষয়ত সৰ্বোচ্চ নম্বৰ লাভ কৰাৰ দিশত আগবাঢ়ক।
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অসম জাতীয় বিদ্যালয়, ষষ্ঠ শ্ৰেণী: হিন্দী
रहो बड़े के संग
Texual Solutions
१ : प्रस्तुत कविता को दोहराओ और कण्ठस्थ लिखो।
उत्तर : विद्यार्थी इस कविता को स्वयं याद करके लिखें।
२ : संक्षेप में उत्तर दो :
(i) फूल से खेलने से क्या होना है ?
उत्तर : फूलों के साथ खेलने से हमें अच्छी सुगंध प्राप्त होती है।
(ii) धूल से खेलने से क्या होता है ?
उत्तर : धूल-मिट्टी में खेलने से हमारे कपड़े और शरीर दोनों मैले हो जाते हैं।
(iii) कौए का साथ देने पर कैसी बोली बोलनी पड़ती है ?
उत्तर : कौए की संगति में रहने पर हमें उसकी तरह ही कड़वी बोली बोलनी पड़ती है।
(iv) कोयल का साथ देने पर लोग कैसी बोली बोलते हैं ?
उत्तर : कोयल का साथ मिलने पर लोग उसी के समान मधुर और मीठी बोली बोलने लगते हैं।
(v) बड़े बनने के लिए किसके साथ रहना चाहिए ?
उत्तर : जीवन में महान बनने के लिए हमें हमेशा महान और अच्छे लोगों की संगति में रहना चाहिए।
(vi) प्रस्तुत कविता में ‘बड़े के संग रहने’ का मतलव क्या है ?
उत्तर : इस कविता में ‘बड़े के संग रहने’ का अर्थ है— समझदार और ज्ञानी व्यक्तियों की संगति करना तथा उनके बताए गए अच्छे मार्गों पर चलना।
३ : गद्य भाषा में लिखो :
(i) खेलोगे तुम अगर फूल से, तो सुगन्ध पा जाओगे। खेलोगे तुम अगर धूल से, तो गन्दे हो जाओगे।
उत्तर : यदि तुम फूलों के बीच रहकर खेलोगे, तो तुम्हें उनकी महक मिलेगी। वहीं, यदि तुम धूल-मिट्टी के साथ खेलोगे, तो तुम स्वयं को गंदा कर लोगे।
(ii) कौए का यदि साथ करोगे, तो बोलोगे कडुए वोल। कोयल का यदि साथ करोगे, तो दोगे तुम मिश्री घोल ।
उत्तर : अगर तुम कौए की संगति में रहोगे, तो तुम्हारी बोली भी कौए की तरह कड़वी हो जाएगी। इसके विपरीत, यदि तुम कोयल के साथ रहोगे, तो तुम्हारी बातों में मिश्री जैसी मिठास आ जाएगी।
४ : आशय स्पष्ट करो :
जैसा भी रंग रंगना चाहो, घोलो वैसा ही रंग। अगर तुम बड़ें बनना चाहो,
तो तुम रहो बड़े के संग।
उत्तर : ये पंक्तियाँ ‘रहो बड़े के संग’ नामक कविता से ली गई हैं। इसका भाव यह है कि व्यक्ति जीवन में जैसा बनना चाहता है, उसे वैसा ही माहौल चुनना पड़ता है। ठीक उसी तरह, यदि तुम भविष्य में एक महान इंसान बनना चाहते हो, तो तुम्हें अच्छे और महान लोगों के साथ रहकर उनके जैसे विचार अपनाने होंगे।
५ : सही उत्तर चुनकर लिखो :
(i) कोयल के साथ रहने पर हमारी बोली-
(क) कडुए होती है।
(ख) मीठी होती है।
(ग) खट्टी होती है।
(घ) सुन्दर होती है।
उत्तर : (ख) मीठी होती है।
(ii) बड़े बनने के लिए रहना चाहिए –
(क) फूलों के साथ।
(ख) धूल के साथ।
(ग) कोयल के साथ
(घ) बड़ों के साथ।
उत्तर : (घ) बड़ों के साथ।
(iii) सुगन्ध पाने के लिए रहना चाहिए-
(क) कोयल के साथ।
(ख) गंदकी के साथ।
(ग) फूलों के साथ।
(घ) सबके के साथ।
उत्तर : (ग) फूलों के साथ।
६ : तुम किसके साथ रहना पसन्द करते हो ? और क्यों ?
उत्तर : विद्यार्थी इस प्रश्न का उत्तर स्वयं लिखें।
७ : भाषा-अध्ययन :
(क) पर्यायवाची शब्द लिखो :
कोयल, फूल, धूल, गंदगी, चाह
उत्तर :
कोयल – कोकिला, पिक, श्यामा
फूल – पुष्प, कुसुम, सुमन
धूल – रज, माटी, गर्द
गंदगी – मैल, मलिनता, अस्वच्छता
चाह – इच्छा, अभिलाषा, कामना
(ख) लिंग-निर्णय करो :
फूल, बोली, कौआ, कोयल, बात
उत्तर :
फूल (पुल्लिंग) – बगीचे में सुंदर फूल खिला है।
बोली (स्त्रीलिंग) – हमें हमेशा दूसरों से मीठी बोली बोलनी चाहिए।
कौआ (पुल्लिंग) – पेड़ पर बैठा कौआ काँव-काँव कर रहा है।
कोयल (स्त्रीलिंग) – बसंत ऋतु में कोयल की बोली बहुत मीठी लगती है।
बात (स्त्रीलिंग) – तुम्हारी इस बात पर मुझे बिल्कुल भी विश्वास नहीं हो रहा है।
(ग) वाक्य बनाओ :
मीठी, कडुआ, साथ, संगति, सहायता
उत्तर :
मीठी – हमें दूसरों के साथ हमेशा मीठी बातें करनी चाहिए।
कड़वा – किसी के भी साथ कड़वा व्यवहार नहीं करना चाहिए।
साथ – सच्चे मित्र हमेशा एक-दूसरे का अंत तक साथ निभाते हैं।
संगति – अच्छे चरित्र के निर्माण के लिए अच्छी संगति का होना बहुत जरूरी है।
सहायता – हमें मुसीबत के समय हमेशा जरूरतमंदों की सहायता करनी चाहिए।




